बांकुड़ा। बांकुड़ा
पुलिस लाइन्स में DIB इंस्पेक्टर पद पर पदास्थापित जयंत पाल की मौत आरण्यक एक्सप्रेस
की चपेट में आने से हो गई। पुलिस ने शहर के केथरडांगा रेलवे फाटक के पास से बॉडी बरामद
कर लिया है। कन्फ्यूजन है कि क्या सच में रेलवे लाइन पार करते समय उनकी मौत हुई थी
या उनकी मौत के पीछे कोई और वजह थी। एक साल पहले उन्हें गोली मार दी गई थी। इस पर पुलिस
महकमे में काफी हंगामा हुआ था। इससे पहले, 20 फरवरी, 2025 को जयंत को हावड़ा के घोषपाड़ा
में एक पेट्रोल पंप पर गोली मार दी गई थी। उनके बाएं हाथ में गोली लगी थी। हालांकि,
उस समय वह हुगली के चंडीतला में प्रभारी के तौर पर काम कर रहे थे। उस घटना के दौरान,
एक रहस्यमयी महिला का नाम सामने आया था। युवती हावड़ा के संकरैल की रहने वाली है। कहा
गया कि जयंत सोशल मीडिया पर उसके संपर्क में था और उसके करीब था। जयंत और युवती को
कई बार परिसर में एक ऊंची इमारत में भी देखा गया था। हालांकि, गोलीबारी की घटना के
बाद, युवती की मां ने दावा किया कि वह जयंत को नहीं जानती थी। इससे रहस्य और गहरा गया।
बाद में, जयंत को राज्य पुलिस ने सस्पेंड कर दिया था। उस समय, राज्य पुलिस के ADG
(लॉ एंड ऑर्डर) जावेद शमीम थे। उन्होंने दावा किया कि जयंत बिना किसी को बताए पुलिस
स्टेशन छोड़कर पड़ोसी जिले में चला गया था। ड्यूटी के दौरान नियमों का उल्लंघन करने
के लिए उसे सस्पेंड कर दिया गया था। सस्पेंशन के बाद, जयंत एक-एक करके खानकुल, चंडीतला
और सिंगुर पुलिस स्टेशनों की जिम्मेदारी संभाल चुके थे।
ब्रेकिंग न्यूज़
बांकुड़ा DIB इंस्पेक्टर जयंत पाल का शव मिला रेल पटरियों पर, उठे सवाल
बांकुड़ा पुलिस लाइन्स के डीआईबी इंस्पेक्टर जयंत पाल का शव रेल पटरियों पर मिलने से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। पिछले साल उन पर हुए गोलीबारी के मामले और उसके बाद हुई इस संदिग्ध मौत ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस घटना से प्रशासनिक हलकों में सुरक्षा और आंतरिक अनुशासन को लेकर नए सिरे से बहस छिड़ गई है।

मृत पुलिस अधिकारी का फाइल फोटो |Arthik Dhara Photo
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